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राहुल से मिले सिद्धारमैया, बोले- कर्नाटक में सत्ता विरोधी...

Pradesh Today 2018-01-13 19:45:00

कर्नाटक:कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और राज्य के अन्य कांग्रेसी नेताओं ने शनिवार को नई दिल्ली में पार्टी अध्यक्ष राहुल गांधी से उनके आवास पर मुलाकात की। बता दें कि यह बैठक सिद्धारमैया और भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष अमित शाह के बीच वाकयुद्ध के बाद हो रही है। इस मुलाकात के बाद सिद्धारमैया ने दावा किया कि उनकी सरकार के खिलाफ कोई सत्ता विरोधी लहर नहीं है और उनकी पार्टी आगामी विधानसभा चुनाव में पूर्ण बहुमत से जीत हासिल करेगी।

इस दौरान मुख्यमंत्री ने बीजेपी को आतंकवादी वाले बयान पर माफी मांगने से भी इनकार कर दिया। उन्होंने बीजेपी की ओर से प्रदेश चुनाव से पहले चलाए जा रहे कैम्पेन को कमजोर बताया। सिद्धारमैया ने बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह द्वारा उनकी सरकार के खिलाफ हिंदू-विरोधी बयान पर कहा कि उनके (शाह) पास बात करने के लिए कोई मुद्दा नहीं है, जिसकी वजह से वह बेकार के मुद्दे खड़े कर रहे हैं।

'सरकार के काम से खुश हैं राहुल '
संवाददाताओं से बातचीत में सिद्धारमैया ने कहा, 'राहुल गांधी कर्नाटक सरकार के कामकाज से बहुत खुश हैं। वह इस बात से भी प्रभावित हैं कि हमारी सरकार के खिलाफ कोई सत्ता विरोधी लहर नहीं है। उन्हें खुशी है कि हमने पिछले चुनाव के वक्त घोषणापत्र में जो वादे जनता से किए थे, वह सभी पूरे किए हैं।' सिद्धारमैया ने कहा, 'हम, केपीसीसी (कर्नाटक प्रदेश कांग्रेस कमिटी) वरिष्ठ नेताओं और जनरल सेक्रटरी इंचार्ज आश्वस्त हैं कि कांग्रेस पार्टी फिर से सरकार में पूर्ण बहुमत के साथ सरकार बनाएगी।

'बीजेपी के पास नहीं है कोई मुद्दा '
हिंदुत्व के मुद्दे पर बीजेपी की ओर से उन पर किए हमले के बारे में सिद्धारमैया ने कहा, 'बीजेपी के पास कोई मुद्दा नहीं है, जिसकी वजह से वह बेवजह के मुद्दे खड़ी कर रही है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी ऐसे ही मुद्दे उठा रहे हैं। यहां तक कि बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह भी वही मुद्दे प्रमुखता से खड़े कर रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी वही मुद्दे उठा रहे हैं क्योंकि उनके पास कोई मुद्दे बचे ही नहीं हैं।'

आतंकी वाले बयान पर दी सफाई
बीजेपी और उनके नेताओं को आतंकी वाले बयान के सवाल पर उन्होंने कहा, 'मैंने आतंकी नहीं कहा। मैंने सिर्फ यही कहा है कि वे हिंदुत्व के नाम पर नफरत फैला रहे हैं। मैंने कहा मैं हिंदू हूं लेकिन इंसानियत रखने वाला हिंदू। हिंदू धर्म का मतलब नफरत फैलाना नहीं है। वही हिंदुत्व है।' बता दें कि कर्नाटक में इस वर्ष अप्रैल-मई में विधानसभा चुनाव हो सकते हैं।

नहीं मानी राहुल की नसीहत
बता दें कि सिद्धारमैया ने बीजेपी और राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (आरएसएस) को 'हिंदुत्व चरमवादी' कहा था, वहीं शाह ने कर्नाटक सरकार को 'हिंदू-विरोधी' कहा था। राहुल गांधी ने पहले ही अपने पार्टी नेताओं को अनुचित और व्यक्तिगत बयान देने से मना किया है। इससे पहले मणिशंकर अय्यर को गुजरात चुनाव से कुछ दिन पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को 'नीच' कहने के लिए पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से निलंबित कर दिया गया था।